क्या हुआ?
बदायूं के उझानी थाना क्षेत्र की 15 वर्षीय नाबालिग बेटी के लापता होने का मामला सामने आया है। बेटी के पिता ने एसएसपी बरेली को प्रार्थना-पत्र देकर उसकी सकुशल बरामदगी और मामले में कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
कहां का है मामला?
मामला बदायूं जिले के उझानी थाना क्षेत्र के एक गांव से जुड़ा है। शिकायत के मुताबिक, नाबालिग अपने परिवार के साथ बरेली के सुभाषनगर क्षेत्र में रह रही थी।
कब लापता हुई नाबालिग?
शिकायतकर्ता के अनुसार, 16 सितंबर 2026 की शाम उसे अपनी 15 वर्षीय बेटी के लापता होने की जानकारी मिली। इसके बाद परिवार ने अपने स्तर पर उसकी तलाश की, लेकिन उसका पता नहीं चल सका।
कौन-कौन शामिल हैं?
पिता ने अपनी शिकायत में पत्नी, उसके कथित प्रेमी और साले के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायतकर्ता का आरोप है कि उसकी पत्नी करीब तीन वर्ष पहले बच्चों को लेकर बरेली के सुभाषनगर क्षेत्र में कथित प्रेमी के साथ रहने चली गई थी।
पिता ने आरोप लगाया है कि उसकी पत्नी और उसके कथित प्रेमी ने मिलकर नाबालिग बेटी को किसी व्यक्ति के हाथ बेच दिया है। इसी आधार पर उसने मानव तस्करी की आशंका जताई है।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपी पक्ष पर पूर्व में भी लड़कियों को बहला-फुसलाकर ले जाने और खरीद-फरोख्त से संबंधित आरोप रहे हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
अभी क्या स्थिति है?
फिलहाल नाबालिग के लापता होने और शिकायतकर्ता द्वारा लगाए गए आरोपों के संबंध में पुलिस की जांच महत्वपूर्ण है। शिकायतकर्ता ने एसएसपी बरेली से नामजद आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और नाबालिग को सकुशल बरामद करने की मांग की है।
मानव तस्करी या नाबालिग को बेचे जाने की बात फिलहाल शिकायतकर्ता का आरोप है, जिसकी पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
आगे क्या होगा?
पुलिस शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर सकती है और नाबालिग की तलाश एवं बरामदगी के लिए आवश्यक कार्रवाई कर सकती है। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और पुलिस की आधिकारिक कार्रवाई के आधार पर मामले की आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
नोट: नाबालिग की पहचान की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए खबर में उसका नाम, फोटो, पूरा पता, स्कूल या ऐसी अन्य जानकारी प्रकाशित नहीं की जानी चाहिए, जिससे उसकी पहचान उजागर हो।





